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Saturday, October 12, 2013

Dil se dil tak ... दिल से दिल तक ...


खामोश मेरी आँखों के 
झलकते गीतों को .......
तुमने शब्दों से भर दिया 
तुमसे बड़ा कवि
मेरे लिए और कहाँ.....


आदत नहीं है मुझे तेरी 
तुम इबादत बन गए हो मेरी ....
आदत तो बनती बिगड़ती है
पर इबादत की हर दुआ
में अब तुम्हारा नाम आता है......
मुझे मेरे महबूब में
अब खुदा नजर आता है.....


मेरे अश्क अश्क में प्यार है तेरा,,
बूंद बूंद में इकरार है तेरा .....
मेरी हर सिसकियों में,,
ये इजहार है मेरा,,
हाँ मुझे तुमसे मोहब्बत है....
मोहब्बत है,,, मोहब्बत है....

28 comments:

  1. प्रेम से सराबोर...........तुम और तुम्हारी कविताएँ!!!
    :-)

    सस्नेह
    अनु

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  2. प्रेम का इजहार करती बहुत सुंदर अभिव्यक्ति...!
    नवरात्रि की शुभकामनाएँ ...!

    RECENT POST : अपनी राम कहानी में.

    ReplyDelete
  3. good , read and follow me also , i will .....

    ReplyDelete
  4. मेरे अश्क अश्क में प्यार है तेरा,,
    बूंद बूंद में इकरार है तेरा .....
    मेरी हर सिसकियों में,,
    ये इजहार है मेरा,,------

    प्रेम की ईमानदार अभिव्यक्ति
    बहुत सुंदर
    बधाई

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  5. सुन्दर भावों से सजी सुन्दर काव्य रचना !!

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  6. नमस्कार आपकी यह रचना कल रविवार (13-10-2013) को ब्लॉग प्रसारण पर लिंक की गई है कृपया पधारें.

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    Replies
    1. धन्यवाद अरुन सर :-)

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  7. बहुत सुन्दर प्रस्तुति.. आपको सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि आपकी पोस्ट हिंदी ब्लॉग समूह में सामिल की गयी और आप की इस प्रविष्टि की चर्चा - रविवार - 13/10/2013 को किसानी को बलिदान करने की एक शासकीय साजिश.... - हिंदी ब्लॉग समूह चर्चा-अंकः34 पर लिंक की गयी है , ताकि अधिक से अधिक लोग आपकी रचना पढ़ सकें . कृपया पधारें, सादर .... Darshan jangra


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    Replies
    1. धन्यवाद दर्शन...
      :-)

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    2. बहुत सुन्दर प्रस्तुति

      Delete
  8. बहुत सुन्दर प्रस्तुति,आपको विजयादशमी की हार्दिक शुभकामनाएँ, माँ दुर्गा जी आपकी सभी मनोकामनाएँ पूर्ण करें।

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  9. बहुत सुन्दर .
    नई पोस्ट : रावण जलता नहीं
    नई पोस्ट : प्रिय प्रवासी बिसरा गया
    विजयादशमी की शुभकामनाएँ .

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  10. बहुत सुन्दर ....विजयादशमी की हार्दिक शुभकामनाएँ .

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  11. प्रेम को शिखर की ऊंचाइयों तक ला खड़ा किया हा इन शब्दों में ...
    भावपूर्ण ...
    विजय दशमी की बधाई ...

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  12. सुंदर अभि‍व्‍यक्‍ति‍

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  13. बहुत सुन्दर..हार्दिक शुभकामनाएँ..

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  14. वाह, खूबसूरत,.भावपूर्ण लाजवाब रचना

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  15. bahut pyari prem ras se bhari rachna

    shubhkamnayen

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  16. bahut sundar rachna hai...aap sabhi ka swagat hai mere blog par
    http://iwillrocknow.blogspot.in/

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  17. प्रेम का दर्पण है।
    सभी कुछ समर्पण है।
    बहुत अच्छी कविता।

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  18. प्रेम का कोमल और सच्चा अहसास
    बहुत सुंदर----
    उत्कृष्ट प्रस्तुति
    सादर-----

    आग्रह है---
    करवा चौथ का चाँद ------

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  19. मोहब्बत भरी बेहद खुबसूरत अभिव्यक्ति !
    शुभकामनाएँ ! :)

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  20. वाह ! बहुत सुंदर प्रस्तुति ..मेरे भी ब्लॉग पर आयें

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  21. बहुत सुंदर और उम्दा अभिव्यक्ति...बधाई...

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  22. बहुत खूब! समर्पित प्रेम से सराबोर बहुत भावपूर्ण रचना...

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