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शनिवार, 4 फरवरी 2012

दुल्हन बन मै हूँ तैयार ले आओ साजन अब तुम बारात


लाल चुनर मंगवा ली है 
अरमानो के चाँद -सितारों से सजा दी है 
देखो ये माथे की बिंदिया दमके 
बालों में सजा गजरा महके 
दुल्हन बन मै हूँ तैयार 
ले आओ साजन अब तुम बारात 

हरी चूड़िया पहन मै आई 
मेहंदी से तेरा नाम भी रचवाई
चाँदी की पायल बनवाई 
इसे पहन तुम्हारे संग 
फेरों की मै आस लगाए 
दुल्हन बन मै हूँ तैयार 
ले आओ साजन अब तुम बारात 

आँखों का कजरा शरमाए 
होंठो की लाली मुस्काए 
ख़ुशबू से तन महका जाए
तेरे प्रेम को मन तरसा जाए 

ये सोलह शृंगार कहीं उतर ना जाए 
देखो अब कराओ ना इंतजार 
दुल्हन बन मै हूँ तैयार 
ले आओ साजन अब तुम बारात 


50 टिप्पणियाँ:

  1. इतने मीठे प्रलोभन...
    कैसे ना आयेंगे साजन...

    बहुत सुन्दर रीना जी..
    सस्नेह.

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  2. वाह खूबसूरत भाव पिरोती कविता शुभकामनाएं

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  3. रीना मोर्य जी नमस्कार,
    आपने बहुत ही प्यारी कविता लिखी है पढ़कर बहुत अच्छा लगा और सच बात ये है कि मैंने पहली पंक्ति पढ़ते ही आपको ये लिखा है बांकी मैं कमेन्ट देने के बाद पढूंगा...
    धन्यवाद एवं आभार
    मुकेश गिरी गोस्वामी
    http://mukesh4you.blogspot.in/

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  4. रीना मोर्य जी नमस्कार,
    आपने बहुत ही प्यारी कविता लिखी है पढ़कर बहुत अच्छा लगा और सच बात ये है कि मैंने पहली पंक्ति पढ़ते ही आपको ये लिखा है बांकी मैं कमेन्ट देने के बाद पढूंगा...
    धन्यवाद एवं आभार
    मुकेश गिरी गोस्वामी
    http://mukesh4you.blogspot.in/

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  5. आँखों का कजरा शरमाए
    होंठो की लाली मुस्काए
    ख़ुशबू से तन महका जाए
    तेरे प्रेम को मन तरसा जाए

    wah reena ji kya khoob likha hai apne ....dulhan ki bhavnaon ka lajabab chitran...es behatareen rachana ke liye badhai sweekaren reena ji.

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  6. बहुत ही प्यारी कविता.
    पढ़कर अच्छा लगा.

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  7. बढिया रचना।
    .... इस तरह बुलाएंगी तो आना ही पडेगा उसे......

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  8. बहुत खूबसूरत लिखा है रीना जी।
    बेहतरीन कविता।

    सादर

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  9. कल 06/02/2012 को आपकी यह पोस्ट नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
    धन्यवाद!

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    1. धन्यवाद यशवंत जी ...
      आपका बहुत - बहुत आभार ..

      हटाएं
  10. रीना जी...क्या लिखती हैं आप...आपकी रचनाएँ दिल को छू लेतीं हैं.....

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  11. कुछ तो है इस कविता में, जो मन को छू गयी।

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    उत्तर
    1. संजय जी आपको मेरी रचना अधिक पसंद आई ये मेरे लिए ख़ुशी की बात है..
      धन्यवाद ...

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  12. बहुत खुबसूरत और प्यारी कविता...बहुत अच्छी लगी..

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  13. काश ! सजन तक आपकी बात पहुँच जाए ! अच्छी अभिव्यक्ति !

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  14. इतने मनुहार से बुलाएंगी तो उन्हें आना ही पड़ेगा.

    मन को छूती कोमल भावों की अभिव्यक्ति.

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  15. अब इतने खुबसूरत अंदाज़ में आप बुलायंगी तो क्यों नही आयेगे..... उन्हें तो आना ही पड़ेगा ना...... बहुत ही अच्छी......रचना

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  16. वाह.....अगर बननी इतने प्यार से श्रृंगार करके मनुहार करेगी तो बन्ना कब तक बारात लेकर नहीं आएगा :-)

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  17. बहुत ही प्यारी कविता लिखी है रीना जी..बहुत सुन्दर..

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  18. आँखों का कजरा शरमाए
    होंठो की लाली मुस्काए
    ख़ुशबू से तन महका जाए
    तेरे प्रेम को मन तरसा जाए

    एक सहज भाव अभिव्यक्त किया है आपने जो हर बाला के मन में होता है विवाह से पहले ....बेहतर रचना ..!

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  19. आई या नहीं बारात .....?
    :))
    बहुत प्यारी मनुहार ....
    इसे सरिता में भेज दीजिये वहां ऐसी कविताओं को प्रमुखता दी जाती है .....

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  20. हरी चूड़िया पहन मै आई
    मेहंदी से तेरा नाम भी रचवाई
    चाँदी की पायल बनवाई
    इसे पहन तुम्हारे संग
    फेरों की मै आस लगाए
    दुल्हन बन मै हूँ तैयार ...

    प्रेम रस में रंगी ... उनके रंगों में डूबी लाजवाब रचना ...

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  21. आँखों का कजरा शरमाए
    होंठो की लाली मुस्काए
    ख़ुशबू से तन महका जाए
    तेरे प्रेम को मन तरसा जाए

    बहुत सुन्दर प्रस्तुति !
    आभार !

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  22. आगामी शुक्रवार को चर्चा-मंच पर आपका स्वागत है
    आपकी यह रचना charchamanch.blogspot.com पर देखी जा सकेगी ।।

    स्वागत करते पञ्च जन, मंच परम उल्लास ।

    नए समर्थक जुट रहे, अथक अकथ अभ्यास ।



    अथक अकथ अभ्यास, प्रेम के लिंक सँजोए ।

    विकसित पुष्प पलाश, फाग का रंग भिगोए ।


    शास्त्रीय सानिध्य, पाइए नव अभ्यागत ।

    नियमित चर्चा होय, आपका स्वागत-स्वागत ।।

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  23. प्रस्तुति अच्छी लगी । इस लिए अनुरोध है कि एक बार समय निकाल कर मेरे पोस्ट पर आने का कष्ट करें । धन्यवाद । मेरे नए पोस्ट पर आपका स्वागत है । धन्यवाद ।

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  24. सुन्दर शब्दों से सुसज्जित लाजवाब रचना लिखा है आपने! उम्दा प्रस्तुती!

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  25. सुन्दर शब्दों से सुसज्जित लाजवाब रचना| एक बार समय निकाल कर मेरे पोस्ट पर आने का कष्ट करें । धन्यवाद । मेरे नए पोस्ट पर आपका स्वागत है । धन्यवाद ।

    प्रत्‍युत्तर दें

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  26. एक खूबसूरत रचना और सुन्दर शब्द चयन |
    आशा

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  27. बहुत सुन्दर रचना, ख़ूबसूरत भावाभिव्यक्ति , बधाई.

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  28. सुंदर शब्दों से सजी प्यारी कविता!

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